हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि हरियाणा देश का पहला राज्य है जहां सबसे अधिक फसलों की खरीद न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर की जा रही है। उन्होंने यह बात यमुनानगर जिले के रादौर अनाज मंडी में सरसों खरीद शुभारंभ कार्यक्रम के दौरान कही। इस वर्ष सरसों की खरीद 5,950 रुपये प्रति क्विंटल के समर्थन मूल्य पर की जा रही है।
MSP पर सुचारू खरीद सुनिश्चित करने के निर्देश
कृषि मंत्री ने अनाज मंडी में आढ़तियों और किसानों से बातचीत कर सरसों के उठान, पैकेजिंग और अन्य समस्याओं की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसानों को फसल बेचने में किसी भी तरह की समस्या न हो और खरीद प्रक्रिया जल्द से जल्द पूरी की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
किसानों की आय बढ़ाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध
मीडिया से बातचीत में मंत्री ने कहा कि भाजपा सरकार किसानों की आय दोगुनी करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
धान छोड़ने वाले किसानों को मिलेगा 8,000 रुपये प्रति एकड़ अनुदान
हरियाणा सरकार ने वर्ष 2025-26 के बजट में उन किसानों को 8,000 रुपये प्रति एकड़ का अनुदान देने का प्रावधान किया है जो धान छोड़कर दूसरी फसलें उगाएंगे। साथ ही, धान की सीधी बुवाई (DSR) की सब्सिडी 4,000 रुपये से बढ़ाकर 4,500 रुपये प्रति एकड़ कर दी गई है।
प्राकृतिक खेती को बढ़ावा
सरकार ने प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए 2025-26 के बजट में लक्ष्य बढ़ाकर 1 लाख एकड़ कर दिया है। इससे रासायनिक मुक्त भोजन और पशुओं के लिए पौष्टिक चारा उपलब्ध होगा।
किसानों की आय 2014 के मुकाबले दोगुनी
कृषि मंत्री ने कहा कि 2014 की तुलना में 2024 में किसानों की आय दोगुनी हो गई है, जिसका श्रेय सरकार की नीतियों और MSP सुधारों को जाता है।
कृषि यंत्रों पर सब्सिडी की मांग
हरियाणा सरकार ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर आवश्यक कृषि यंत्रों पर सब्सिडी की मांग की है। साथ ही, हाल ही में बजट सत्र में किसानों के हित में कई महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए हैं।